Monthly Archives: November 2018

‘सूर्य अस्त पहाड़ी मस्त’ की शुरुआत कब और कैसे हुई?

”सूर्य अस्त-पहाड़ी मस्त.’ सिर्फ गैर-उत्तराखंडी ही नहीं, बल्क‍ि खुद पहाड़ के लोग इस बानगी का इस्तेमाल करते रहते हैं. और इसकी वजह है पहाड़ में फैला नशा. लेकिन अगर ये कहा जाए कि उत्तराखंड कभी वो जगह थी, जहां लोगों को शराब या दारू का नाम तक नहीं पता था. तो आप क्या कहेंगे? ये सच है.

Read more

उत्तराखंड आंदोलन: 185 साल पहले शुरू हुई लड़ाई, बहुत कुछ खोकर पाया हक

उत्तराखंड भले ही 9 नवंबर, 2000 को देश का एक अलग राज्य बना हो. लेक‍िन इसे अलग राज्य बनने में 185 साल लग गए. 1815 में सबसे पहले उठी थी मांग इसकी शुरुआत होती है सन 1815 से. इस दौरान नेपाल और अंग्रेजों के बीच सुगौली संध‍ि हुई. जब यह संध‍ि हुई, तो अंग्रेजों ने उत्तराखंड में आना चाहा. तब

Read more

…जब उत्तराखंड आंदोलन की वजह से अटक गई थी त्र‍िवेंद्र सिंह रावत की शादी!

उत्तराखंड में जब पृथक राज्य का आंदोलन चरम पर था, उसी दौरान त्र‍िवेंद्र सिंह रावत की शादी तय हुई थी.

Read more

उत्तराखंड आंदोलन: 185 साल पहले शुरू हुई थी लड़ाई…

उत्तराखंड राज्य भले ही 2000 में बना हो, लेक‍िन इसके लिए लड़ाई 1815 से ही शुरू हो गई थी. अंग्रेजों से लेकर जवाहर लाल नेहरू तक, वक्त-वक्त पर उत्तराखंड को अलग राज्य बनाए जाने की आवाज उठाई जाती रही.

Read more